दानापुर मंडल के 100 वर्षों के ऐतिहासिक सफर को बेहद ही खूबसूरत और रोचक अंदाज में संजोए एक फोटो प्रदर्शनी लगाया गया जिसका महाप्रबंधक एवं अतिथियों ने अवलोकन किया । फोटो प्रदर्शनी में दानापुर मंडल के स्थापना, उपलब्धि, इतिहास, विकास यात्रा, सुविधाएं सहित 100 वर्षों की गौरवशाली यात्रा को प्रभावशाली रूप से दिखाया गया।

‘‘ऑनरिंग द पास्ट‘‘, ‘‘सेलेबरेटिंग द प्रजेंट‘‘ तथा ‘‘इंस्पायरिंग द फ्यूचर‘‘ शीर्षक से तीन भागों में आकर्षक विडियो भी प्रस्तुत किया गया ।इस ऐतिहासिक अवसर महाप्रबंधक श्री छत्रसाल सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि आज का यह अवसर हम सभी के लिए गर्व, प्रेरणा और संकल्प का प्रतीक है । दानापुर मंडल की राष्ट्र सेवा के 100 वर्षों की इस ऐतिहासिक यात्रा को संजोते हुए हम इसकी उपलब्धियों, सफलताओं को याद कर रहे हैं ।दानापुर मंडल भारतीय रेलवे में उत्कृष्टता के नए

प्रतिमान स्थापित कर रहा है। स्थापना के बाद से, इस मंडल ने भारतीय रेलवे के विकास में अपनी विशेष भूमिका निभाई है। यह मंडल केवल रेलवे की प्रगति का ही नहीं, बल्कि देश के सामाजिक-आर्थिक विकास का भी साक्षी रहा है । 100 वर्षों की इस यात्रा में दानापुर मंडल ने कई ऐतिहासिक पड़ाव पार किए हैं। यात्री सुविधाओं में सुधार हो, संरक्षा मानकों की उन्नति हो या माल परिवहन में नए आयाम स्थापित करना हो, इस मंडल ने हर क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। महाप्रबंधक ने कहा कि यह मंडल आधुनिकतम तकनीकों को अपनाते हुए

डिजिटलाइजेशन, पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा दक्षता के क्षेत्र में अपनी पहचान बना रहा है। स्टेशनों का पुनर्विकास, ट्रेन संचालन की कुशलता और यात्री अनुभव को बेहतर बनाने के लिए अनेक कार्य किए गए हैं। महाप्रबंधक ने रेलकर्मियों के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि इस ऐतिहासिक यात्रा में सबसे महत्वपूर्ण योगदान हमारे समर्पित रेलवे कर्मचारियों का है जिनके अथक प्रयासों से यह मंडल प्रगति के पथ पर अग्रसर हुआ है।महाप्रबंधक ने कहा कि हमारा लक्ष्य न केवल अपनी वर्तमान उपलब्धियों को बनाए रखना है, बल्कि नए कीर्तिमान स्थापित करना भी है। रेलवे को और अधिक यात्री-केंद्रित, पर्यावरण अनुकूल और अत्याधुनिक तकनीकों से युक्त बनाना हमारा संकल्प है। भविष्य में रेलवे को हरित ऊर्जा, स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन की दिशा में और आगे ले जाना हमारा उद्देश्य होगा।